तारा शक्ति केंद्रों से गूँजी आत्मनिर्भरता की हुंकार: सरोजनीनगर की महिलाओं ने लिखी स्वावलंबन की नई कहानी
गाँव-गाँव तक डिजिटल क्रांति: रण बहादुर सिंह केंद्रों से युवा हो रहे सशक्त, घर बैठे मिल रही सरकारी सुविधाएँ

राम रथ श्रवण यात्रा: सरोजनीनगर के 5000 बुजुर्गों ने किए अयोध्या धाम के दर्शन, विधायक को दिया दिल से आशीर्वाद
लखनऊ, करण वाणी, न्यूज। राजनीति जब जनसेवा का माध्यम बन जाए, तो परिवर्तन की लहर धरातल पर दिखने लगती है। राजधानी लखनऊ की सरोजनीनगर विधानसभा सीट इसका सबसे बड़ा उदाहरण है। विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह के नेतृत्व में यह क्षेत्र आज सेवा, संवेदना और जन-भागीदारी का एक ऐसा ‘रोल मॉडल’ बन चुका है, जहाँ विकास को ईंट-पत्थरों से नहीं, बल्कि जनता की मुस्कान और संतुष्टि से मापा जाता है। डॉ. राजेश्वर सिंह अक्सर कहते हैं, “सरोजनीनगर केवल एक विधानसभा नहीं, मेरा परिवार है।”
तारा शक्ति रसोई: कोई भूखा न सोए, यही धर्म
सरोजनीनगर में ‘सेवा ही संगठन’ का जीवंत उदाहरण ‘तारा शक्ति रसोई’ के रूप में दिखता है। लोकबंधु अस्पताल और आशियाना स्थित पराग कार्यालय पर संचालित यह रसोई प्रतिदिन लगभग 4000 लोगों को ससम्मान निःशुल्क भोजन करा रही है। यहाँ खास बात यह है कि पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी स्वयं खड़े होकर भोजन परोसते हैं, जो यह संदेश देता है कि राजनीति से ऊपर सेवा का धर्म है।
नारी शक्ति: आत्मनिर्भरता की नई इबारत
‘तारा शक्ति केंद्रों’ के माध्यम से सरोजनीनगर की मातृशक्ति आज आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही है। गाँव-गाँव में महिलाएं पर्यावरण मित्र बैग, भाजपा ध्वज और राष्ट्रीय ध्वज तैयार कर रही हैं। अब तक 30,000 से अधिक बैग और करीब 90,000 ध्वज तैयार किए जा चुके हैं। यह केवल रोजगार नहीं, बल्कि महिलाओं के आत्मविश्वास और सम्मान की कमाई है।
डिजिटल क्रांति: घर बैठे मिल रहा योजनाओं का लाभ
युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने के लिए 14 स्थानों पर ‘रण बहादुर सिंह युवा डिजिटल सशक्तिकरण केंद्र’ चलाए जा रहे हैं। यहाँ 1000 से ज्यादा युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण दिया गया है। साथ ही, इन केंद्रों के माध्यम से 8000 से अधिक लोगों के आयुष्मान कार्ड, पेंशन, राशन कार्ड और छात्रवृत्ति जैसे महत्वपूर्ण कार्य बिना किसी दफ्तर के चक्कर काटे पूरे किए जा रहे हैं।
आपका विधायक आपके द्वार: 162 सप्ताह का अटूट विश्वास
जनसंपर्क के मामले में सरोजनीनगर ने एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। ‘आपका विधायक आपके द्वार’ अभियान के तहत लगातार 162 हफ्तों से विधायक जनता के बीच पहुँच रहे हैं। उन मजरों और गाँवों तक भी विकास की किरण पहुँची है जहाँ वर्षों से कोई जनप्रतिनिधि नहीं गया। इन शिविरों में न केवल समस्याएँ सुनी जाती हैं, बल्कि मेडिकल कैंप, चश्मा वितरण और मेधावी छात्रों के सम्मान जैसे कार्य भी मौके पर ही होते हैं।
राम रथ श्रवण यात्रा: बुजुर्गों का आशीर्वाद है असली पूँजी
आस्था और सम्मान के संगम के रूप में ‘राम रथ श्रवण यात्रा’ पिछले 3 वर्षों से निरंतर जारी है। अब तक 5000 से अधिक वरिष्ठ नागरिकों को अयोध्या धाम के दर्शन कराए जा चुके हैं। बुजुर्गों के चेहरे की मुस्कान और उनका आशीर्वाद इस अभियान की सबसे बड़ी सफलता मानी जा रही है।
जनसेवा का अनूठा मॉडल
सरोजनीनगर की इन योजनाओं की सबसे बड़ी ताकत यहाँ की जनता और समर्पित कार्यकर्ता हैं। यहाँ हर बूथ एक घर की तरह है और हर नागरिक विकास यात्रा का सहभागी। सेवा, संस्कार और समर्पण के इस त्रिवेणी संगम ने सरोजनीनगर को आज पूरे उत्तर प्रदेश के लिए एक ‘मॉडल विधानसभा’ के रूप में स्थापित कर दिया है।



